ऋत्विक घटक शताब्दी | बॉलीवुड में बंगाली साहित्यकार के कई जीवनकाल
फिल्म प्रेमी का पारंपरिक दृष्टिकोण ‘क्या होगा अगर’ है। ऋत्विक घटक का तो क्या नागरिक1952 में पूरी हुई लेकिन उनकी मृत्यु तक रिलीज़ नहीं हुई, सत्यजीत रे की रिलीज़ से पहले रिलीज़ हुई थी पाथेर पांचाली 1955 में? क्या उनके जाने के बाद के दशकों में आई मरणोपरांत बड़ी विरासत उनके जीवनकाल में ही उनकी…
